God Father Movie In Hindi <480p>
लेकिन इसी शादी में कई लोग आते हैं जिन्हें डॉन की "मदद" की जरूरत होती है। इन्हीं में से एक है , एक अंडरटेकर जिसकी बेटी के साथ बदसलूकी हुई है। डॉन विटो उसे वह न्याय दिलाता है जो अमेरिकी कानून नहीं दे सका, और बदले में मांगता है—"एक दिन, मैं तुमसे एक एहसान माँगूंगा, और वह दिन आ गया है।"
फिल्म का असली ट्विस्ट तब आता है जब डॉन विटो ड्रग्स के कारोबार में शामिल होने से इनकार कर देता है। इसका परिणाम यह होता है कि उस पर जानलेवा हमला होता है। अब परिवार की कमान संभालता है उनका सबसे छोटा, होशियार और शुरू में "भोला" दिखने वाला बेटा— (एल पचीनो)। god father movie in hindi
यहाँ "द गॉडफादर" (The God Father) फिल्म पर एक विस्तृत लेख प्रस्तुत है, जिसे हिंदी में तैयार किया गया है। प्रस्तावना सन् 1972। हॉलीवुड का इतिहास अपने सबसे बड़े मोड़ पर था। एक ऐसी फिल्म रिलीज हुई जिसने न केवल गैंगस्टर जॉनर को बल्कि पूरे सिनेमा जगत को हमेशा के लिए बदल कर रख दिया। फ्रांसिस फोर्ड कोपोला द्वारा निर्देशित और मारियो पूजो के उपन्यास पर आधारित "द गॉडफादर" सिर्फ एक फिल्म नहीं, बल्कि एक सांस्कृतिक घटना थी। यह फिल्म सत्ता, परिवार, विश्वासघात और अमेरिकन ड्रीम के काले पक्ष की गाथा है। कहानी का सारांश: खून, परिवार और सत्ता का खेल फिल्म की कहानी 1945 में शुरू होती है, जब न्यूयॉर्क के एक शक्तिशाली माफिया परिवार "कोरलियोन" का मुखिया डॉन विटो कोरलियोन (मार्लन ब्रैंडो) अपनी बेटी कोन्नी की शादी में व्यस्त है। इटली के सिसली से आकर बसे इस परिवार का एक सिद्धांत है—शादी के दिन कोई भी इटैलियन अपने काम के सिलसिले में आने वाली समस्या को डॉन के पास नहीं ला सकता। उससे डरते भी हैं
फिल्म ने जीते—बेस्ट पिक्चर, बेस्ट एक्टर (मार्लन ब्रैंडो) और बेस्ट अडैप्टेड स्क्रीनप्ले। ब्रैंडो ने ऑस्कर लेने से इनकार कर दिया और उनकी जगह एक मूल अमेरिकी एक्ट्रेस साचीन लिटिलफेदर को भेजा, जिसने अमेरिका में फिल्म इंडस्ट्री द्वारा मूल निवासियों के साथ हो रहे भेदभाव के खिलाफ भाषण दिया। सीक्वल और विरासत "द गॉडफादर" के बाद "द गॉडफादर 2" (1974) आई, जिसे अक्सर पहले भाग से भी बेहतर माना जाता है। यह दो कहानियां समानांतर चलाती है—एक तरफ विटो कोरलियोन का सिसली से अमेरिका आना और दूसरी तरफ माइकल का गिरता हुआ नैतिक पतन। तीसरा भाग (1990) औसत रहा, लेकिन पहले दो भाग सिनेमा के शिखर माने जाते हैं। निष्कर्ष: एक अमर कृति आज भी, जब हम "द गॉडफादर" देखते हैं, तो हमें सिर्फ गोलियां और खून नहीं दिखता, बल्कि हमें दिखता है—पावर का कड़वा सच। यह फिल्म हमें सिखाती है कि सत्ता की ऊंचाइयों पर पहुंचने के लिए आपको अपनी इंसानियत का बलिदान देना पड़ता है। माइकल कोरलियोन को हम प्यार करते हैं, उससे डरते भी हैं, लेकिन अंत में हमें उस पर दया आती है, क्योंकि वह सब कुछ जीतकर भी सब कुछ हार जाता है। god father movie in hindi